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कोन दिन आहे काली तोहर जनम भेल, कोन दिन भेल छठिहार।

कोन दिन आहे काली तोहर जनम भेल,
कोन दिन भेल कटिहार ।

शुक्र दिन आहे सेवक हमरो जनम भेल,

बुध दिन भेल छठिहार ।
पहिरि ओढ़िय कोली गहवर टाढि भेली,
करबमे काली के सिंगार ।
कोन फूल ओढ़न माँ के कोन फूल पहिरन,
कोन फूल सोलह सिंगार ।

चम्पा फूल ओढ़न, जूही फूल पहिरन,
ओढ़हुल फूल सिंगार ।
भनहि विद्यापति सुनु माता काली,

सेवक रहु रक्षपाल ॥ कोन दिन।।

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