कोन दिन आहे काली तोहर जनम भेल, कोन दिन भेल कटिहार । शुक्र दिन आहे सेवक हमरो जनम भेल, बुध दिन भेल छठिहार । पहिरि ओढ़िय कोली गहवर टाढि भेली, करबमे काली के सिंगार । कोन फूल ओढ़न मा...
हे भवानी दुख हरू माँ पुत्र अपनो जानिके । दय रहल छी दुख भारी बीच भंवर में आना । आबि आशामे पडल छी की करू हम कहानियाँ । विश्वमाता छी अहाँ माँ आह ! से हम मानिक । कोटिओ न पैर छोड़ब हाथ ...