हनुमान छथि बलवान जगतमे सब जानै 1
कहाँ लछुमन राम, कहाँ बसु लछुमन,
कहाँ वसु वीर हनुमान, जगतमे सब जाने ।
दक्षिण वसु राम पच्छिम वसु लछुमन,
कदली वनस्थ हनुमान जगतमे सब जाने 1
की खयता राम, की खयता लछुमन,
की खयता वीर हनुमान जगतमे सब जाने ।
खोआ खयता राम, पेड़ा खयता लछुमन;
लाले लाल फल हनुमान जगतमे सब जाने
बम-बम भैरो हो भूपाल, अपनी नगरिया भोला, खेबि लगाबऽ पार । कथी के नाव-नेवरिया, कथी करूआरि, कोने लाला खेवनहारे, कोन उतारे पार । सोने केर नाव-नेवरिया, रूपे करूआरि, भैरो लाला खेवनहार...
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